Skip to main content

शहादत दिवस: भील राजा डुंगर बरण्डा ने राजस्थान के इस जिले की स्थापना की थी

Posted on November 3, 2022 - 4:02 pm by

राजा डुंगर बरण्डा भील का 3 नवंबर को 740वां शहादत दिवस मनाया जा रहा है. राजा डुंगर ने डुंगरपुर की स्थापना की थी. जिसे राजस्थान सहित देश के कई राज्य के आदिवासी समाज उन्हें श्रधांजली देते हैं. उनके द्वारा 13वीं शताबदी में बहादुरी और निडरता से चलाए गए शासन और बलिदान को याद किया जाता है.

शहीद राजा डुंगर बरण्डा भील की शहादत दिवस प्रतिवर्ष 3 नवंबर को मनाया जाता है. डुंगरपुर शहर की भील पहाड़ी पर मौजूद शहादत स्थल बरण्डा छतरी को सजा कर भीली परंपरा के अनुसार सिरा पूजन किया जाता है. इसमें खास तौर पर राजस्थान और गुजरात के भील आदिवासी समाज के लोग शामिल होते हैं.

डुंगर बरण्डा कौन थे?

कहा जाता है कि 13वीं शताबदी में राजस्थान में भील समाज के प्रमुख लोगों ने सर्व सम्मति से डुंगर बरण्डा भील को अपना राजा घोषित किया था. उसके बाद डुंगर बरण्डा भील समाज के लिए समर्पित रहे. राजपूतों के आने से पूर्व यहां किसी प्रकार से भी आर्य समाज से मेल नहीं था. अपने आदिवासी समाज की सुरक्षा और समृद्धी के खातिर राजपूतों से डुंगर बरण्डा ने कई लड़ाइयां लड़ी. राजपूत इन्हें हराने में सक्षम तो नहीं रहा, लेकिन इन्हें जबरन खदेड़ कर जंगलों व आस-पास रहने को मजबूर कर दिया. एक दिन भील पहाड़ी पर दुश्मनों से लड़ने दौरान पहाड़ी से गिरने से उनकी मृत्यू हो गई. इसके बाद भील पहाड़ी पर उनकी शहादत स्थल पर बरण्डा छतरी बनाई गई.

No Comments yet!

Your Email address will not be published.